सुबह अलार्म बंद करते ही फ़ोन की स्क्रीन जलती है और वही पुराना वॉलपेपर सामने आ जाता है। कुछ दिन तक ठीक लगता है, फिर वही बैकग्राउंड आँखों को उबाऊ लगने लगता है। होम स्क्रीन पर आइकन भी बिखरे-बिखरे दिखते हैं, और मन करता है कि फ़ोन को थोड़ा ताज़ा कर दें।
अच्छी बात यह है कि Android पर वॉलपेपर और थीम बदलने के लिए Play Store में कई अच्छे ऐप मौजूद हैं। कुछ सिर्फ़ वॉलपेपर देते हैं, कुछ लाइव वॉलपेपर चलाते हैं और कुछ पूरा होम स्क्रीन ही बदल देते हैं। यहाँ 7 ऐसे ऐप बताए गए हैं, ताकि आपको अलग-अलग ऐप आज़माने में समय न गँवाना पड़े। ऐप की उपलब्धता और सुविधाएँ समय के साथ बदलती रहती हैं, इसलिए इंस्टॉल करने से पहले उसका Play Store पेज और आख़िरी अपडेट की तारीख़ देख लें।
वॉलपेपर और थीम बदलने से पहले ये समझें
सबसे पहले यह जान लें कि वॉलपेपर और थीम अलग चीज़ें हैं। वॉलपेपर सिर्फ़ होम स्क्रीन या लॉक स्क्रीन की पृष्ठभूमि है। थीम में वॉलपेपर के साथ आइकन, फ़ॉन्ट, रंग और कभी-कभी ऐप ड्रॉअर का रूप भी बदलता है। अगर सिर्फ़ तस्वीर बदलनी है तो वॉलपेपर ऐप काफ़ी है। अगर आइकन और लेआउट बदलना है तो लॉन्चर या थीम ऐप की ज़रूरत पड़ेगी।
Android फ़ोनों की स्क्रीन का आकार और रेज़ोल्यूशन अलग-अलग होता है। कम गुणवत्ता का वॉलपेपर लगाने पर तस्वीर दानेदार या धुँधली दिख सकती है। इसलिए अपने फ़ोन के रेज़ोल्यूशन के बराबर या उससे बड़ी तस्वीर चुनें। अगर आपके फ़ोन में OLED डिस्प्ले है, तो गहरे रंग का वॉलपेपर बैटरी बचाने में थोड़ी मदद कर सकता है, क्योंकि OLED में काले पिक्सल बंद रहते हैं।
तीन बातें हमेशा याद रखें
- लाइव वॉलपेपर बैटरी ज़्यादा खाते हैं, और बदलने का अंतराल कम हो तो और भी ज़्यादा।
- कई ऐप वॉलपेपर लगाने के लिए अनुमति माँगते हैं। मना कर देने पर वॉलपेपर सेट नहीं होता।
- पसंद की तस्वीरें फ़ोन की गैलरी में सेव रखें, ताकि बाद में आसानी से मिल जाएँ।
ये ऐप मुख्य रूप से Android के लिए हैं। iPhone में वॉलपेपर सिस्टम सेटिंग से ही बदलना होता है और थीम ऐप की इतनी छूट नहीं मिलती।
1. Zedge: एक ही ऐप में वॉलपेपर और रिंगटोन
Zedge काफ़ी पुराना ऐप है, जो वॉलपेपर, रिंगटोन और नोटिफ़िकेशन की आवाज़ें एक साथ देता है। नया फ़ोन लेने के बाद बहुत-से लोग सबसे पहले इसे ही आज़माते हैं। इसमें प्रकृति, एब्स्ट्रैक्ट, गाड़ियाँ, मज़ेदार और त्योहारों जैसी कई श्रेणियाँ होती हैं।
सही तरीक़े से इस्तेमाल कैसे करें
- Play Store से Zedge इंस्टॉल करके खोलें।
- नीचे वॉलपेपर वाले टैब पर जाएँ।
- कोई श्रेणी चुनें या सर्च बॉक्स में शब्द डालें।
- जो वॉलपेपर पसंद आए, उस पर टैप करें।
- प्रीव्यू देखें और फिर ‘Set Wallpaper’ दबाएँ।
- होम स्क्रीन, लॉक स्क्रीन या दोनों में से चुनें।
आम चूक यह है कि लोग प्रीव्यू देखे बिना सीधे डाउनलोड दबा देते हैं। बाद में तस्वीर धुँधली दिखती है या कटकर आधी रह जाती है। Zedge में कुछ चीज़ें मुफ़्त हैं और कुछ पेड सुविधाओं के साथ आती हैं, इसलिए किसी भी भुगतान से पहले प्रीव्यू ज़रूर देखें।
एक और बात, कभी-कभी ऐप से सीधे वॉलपेपर सेट नहीं हो पाता। ऐसे में तस्वीर को पहले गैलरी में सेव करें और वहाँ से ‘वॉलपेपर के रूप में सेट करें’ चुनें।
2. Backdrops: चुने हुए वॉलपेपरों की साफ़-सुथरी दुकान
Backdrops उन लोगों के लिए अच्छा है जिन्हें भीड़-भाड़ पसंद नहीं। इसमें चुनिंदा वॉलपेपर होते हैं, यानी हर चीज़ अलग-अलग कलाकारों और फ़ोटोग्राफ़रों के काम से छाँटकर रखी जाती है। बेतरतीब कार्टून जैसी तस्वीरें कम मिलती हैं, ज़्यादातर साफ़ और आधुनिक डिज़ाइन होते हैं।
इसका मज़ा कैसे लें
- श्रेणियों में जाकर मिनिमल, पैटर्न, डार्क जैसे संग्रह देखें।
- किसी संग्रह में जाकर पूरा प्रीव्यू खोलें।
- पसंद की तस्वीरें Favorites में सेव कर लें, ताकि बाद में तुलना हो सके।
- नीचे के बटन से होम और लॉक स्क्रीन दोनों पर लगाएँ।
यहाँ आम चूक यह है कि लोग रोज़ वॉलपेपर बदलते हैं पर पसंदीदा सेव नहीं करते। बाद में पुराना अच्छा वॉलपेपर ढूँढना मुश्किल हो जाता है। जो भी पसंद आए, उसे Favorites में डाल दें। कुछ सुविधाएँ मुफ़्त हैं और कुछ पेड, इसलिए पहले मुफ़्त हिस्सा आज़माएँ।
कई तस्वीरें देखने से ऐप में कैश जमा हो सकता है। कभी-कभी फ़ोन की सेटिंग से ऐप का कैश साफ़ कर देना अच्छा रहता है।
3. Walli: कलाकारों के बनाए अलग वॉलपेपर
Walli का अंदाज़ थोड़ा अलग है। यहाँ वॉलपेपर कलाकार अपलोड करते हैं, इसलिए वही डिज़ाइन हर जगह नहीं मिलता। अगर आप चाहते हैं कि आपका फ़ोन सबसे अलग दिखे, तो यह अच्छी जगह है। इसमें श्रेणियाँ, संग्रह और कलाकारों की प्रोफ़ाइल भी मिलती हैं।
Walli से वॉलपेपर लगाने का तरीक़ा
- ऐप खोलकर कोई श्रेणी चुनें।
- वॉलपेपर पर टैप करके बड़ा प्रीव्यू देखें।
- सेव आइकन से उसे गैलरी में रखें।
- वॉलपेपर लगाने का बटन दबाकर होम, लॉक या दोनों स्क्रीन चुनें।
- क्रॉप स्क्रीन पर तस्वीर को खिसकाएँ, ताकि ज़रूरी हिस्सा बीच में रहे।
ध्यान रखें कि Walli के कुछ डिज़ाइन बहुत रंग-बिरंगे होते हैं। ऐसा वॉलपेपर होम स्क्रीन पर आइकन पढ़ना मुश्किल कर सकता है। अगर आप रोज़ ऐप ढूँढते हैं, तो बीच का हिस्सा सादा रखें। गहरा या हल्का धुँधला वॉलपेपर आइकनों के लिए बेहतर रहता है।
अगर आपकी स्क्रीन पर लाइव वॉलपेपर अटकता है, तो स्थिर वॉलपेपर ही रखें। कम रैम वाले फ़ोन पर एनिमेशन अक्सर रुक-रुककर चलता है।
4. Tapet: अपनी पसंद के रंगों से वॉलपेपर बनाएँ
Tapet थोड़े प्रयोग करने वाले लोगों के लिए है। यह तैयार तस्वीरें नहीं दिखाता, बल्कि आपके चुने रंगों और पैटर्न से नया वॉलपेपर बनाता है। इसका फ़ायदा यह है कि हर डिज़ाइन अलग बनता है और किसी और के फ़ोन जैसा नहीं लगता।
वॉलपेपर बनाने और लगाने का तरीक़ा
- ऐप खोलते ही एक पैटर्न दिखेगा।
- नए पैटर्न देखने के लिए स्क्रीन पर आगे बढ़ते जाएँ।
- रंग बदलने का विकल्प खोलकर अपनी पसंद का रंग-संयोजन चुनें।
- जो डिज़ाइन पसंद आए, उसे सेव करें।
- ‘Apply’ दबाकर वॉलपेपर सेट करें।
सबसे अच्छी बात यह है कि यह वॉलपेपर फ़ोन पर ही बनाता है, इसलिए इसके लिए ज़्यादा इंटरनेट की ज़रूरत नहीं पड़ती। आम चूक यह है कि लोग रोज़ वॉलपेपर बदलने का विकल्प चालू करके भूल जाते हैं। फिर वॉलपेपर बदलता रहता है, पर काम का डिज़ाइन सेव नहीं होता।
अगर आपको कोई ख़ास तस्वीर चाहिए, जैसे परिवार की फ़ोटो या अपनी गाड़ी, तो Tapet काम नहीं आएगा। यह सिर्फ़ पैटर्न और आकृतियों के लिए है। इंस्टॉल करने से पहले Play Store पर आख़िरी अपडेट की तारीख़ देख लें।
5. Muzei Live Wallpaper: रोज़ बदलता हुआ बैकग्राउंड
Muzei एक पुराना पर काम का ओपन-सोर्स ऐप है। इसका काम है मशहूर कलाकृतियों या आपकी अपनी गैलरी की तस्वीरों को बारी-बारी से पृष्ठभूमि बनाकर दिखाना। वॉलपेपर तय अंतराल पर बदलता है, इसलिए फ़ोन कभी बासी नहीं लगता। इसमें धुँधलापन और मद्धम करने के प्रभाव भी होते हैं, ताकि आइकन साफ़ दिखें।
सेटअप ठीक से करें
- Muzei इंस्टॉल करके खोलें और उसे लाइव वॉलपेपर के रूप में सेट करें।
- स्रोत में कलाकृतियों वाला विकल्प चुनें, या अपनी तस्वीरें दिखाने के लिए गैलरी वाला स्रोत।
- बदलने का अंतराल कुछ घंटे रखें, हर घंटे नहीं।
- धुँधलेपन की मात्रा बीच में रखें, ताकि वॉलपेपर आराम से दिखे।
- बैटरी के लिए ऐप की सेटिंग में नेटवर्क पर बदलने की शर्तें देख लें।
सबसे बड़ी चूक अंतराल को बहुत छोटा रखना है। हर 15 मिनट में वॉलपेपर बदलेगा तो बैटरी और डेटा दोनों ज़्यादा ख़र्च होंगे। अगर स्रोत ऑनलाइन कलाकृतियाँ हैं तो इंटरनेट भी चाहिए, इसलिए मोबाइल डेटा पर चलाते समय सावधान रहें।
Muzei सिर्फ़ वॉलपेपर बदलने के लिए है, आइकन या थीम नहीं बदलता। अगर आप अपनी निजी तस्वीरें घुमाना चाहते हैं तो एक फ़ोल्डर चुन लें। इससे परिवार या सफ़र की तस्वीरें धीरे-धीरे पीछे की पृष्ठभूमि में आती रहती हैं।
6. Google Wallpapers: सीधा और हल्का विकल्प
Google का वॉलपेपर ऐप उन लोगों के लिए ठीक है जिन्हें अतिरिक्त ऐप का झंझट नहीं चाहिए। कई Android फ़ोनों में यह पहले से मौजूद होता है, या फ़ोन की सेटिंग में ‘वॉलपेपर और स्टाइल’ जैसे नाम से मिलता है। इसमें श्रेणियाँ साफ़ होती हैं और वॉलपेपर बिना ज़्यादा अनुमतियों के लग जाते हैं।
इसका सरल इस्तेमाल
- ऐप खोलकर कोई संग्रह चुनें।
- वॉलपेपर पर टैप करें।
- नीचे ‘Set wallpaper’ चुनें।
- होम स्क्रीन, लॉक स्क्रीन या दोनों में से चुनें।
इसमें लाइव वॉलपेपर के विकल्प कम होते हैं, पर कुछ फ़ोनों में रोज़ अपने आप वॉलपेपर बदलने जैसी सुविधा मिलती है। यह सिस्टम के साथ जुड़ा होने के कारण हल्का चलता है। आम चूक यह है कि लोग इसे हटाकर दूसरे भारी ऐप डाल लेते हैं। अगर आपको सिर्फ़ साफ़-सुथरे वॉलपेपर चाहिए, तो यह काफ़ी है।
इसके वॉलपेपर बहुत कलात्मक नहीं होते, पर गुणवत्ता अच्छी रहती है और स्क्रीन के हिसाब से ठीक बैठते हैं। अगर वॉलपेपर सेट न हो, तो फ़ोन की सेटिंग में ऐप की अनुमतियों में जाकर स्टोरेज या फ़ोटो की अनुमति दें। ऐप का नाम और रूप फ़ोन बनाने वाली कंपनी के हिसाब से बदल सकता है।
7. Nova Launcher: थीम और आइकन के लिए अलग स्तर
Nova Launcher सिर्फ़ वॉलपेपर ऐप नहीं है, पर थीम बदलने में यह बहुत काम आता है। यह होम स्क्रीन का लेआउट, ग्रिड, आइकन का आकार, आइकन पैक और एनिमेशन बदल सकता है। अगर आप फ़ोन को पूरी तरह नया रूप देना चाहते हैं, तो वॉलपेपर के साथ ऐसा लॉन्चर इस्तेमाल करें।
एक ज़रूरी बात: Nova की विकास टीम के बारे में हाल के वर्षों में अनिश्चितता की ख़बरें आई हैं और अपडेट की गति बदली है। इसलिए इंस्टॉल करने से पहले Play Store पर आख़िरी अपडेट की तारीख़ देखें। चाहें तो इसी तरह के दूसरे लॉन्चर, जैसे Lawnchair या Smart Launcher भी आज़मा सकते हैं। नीचे के कदम आम तौर पर इन सब पर मिलते-जुलते हैं, पर नाम थोड़े अलग हो सकते हैं।
थीम बदलने के कदम
- लॉन्चर इंस्टॉल करने के बाद उसे डिफ़ॉल्ट होम ऐप बना लें।
- सेटिंग में ग्रिड से तय करें कि होम स्क्रीन पर कितने आइकन दिखेंगे।
- आइकन के आकार और नाम के आकार को अपने हिसाब से बदलें।
- डार्क थीम या नाइट मोड से ऐप ड्रॉअर और फ़ोल्डर गहरे रंग के करें।
- आइकन पैक में जाकर Play Store से इंस्टॉल किया हुआ पैक चुनें।
यहाँ सबसे बड़ी चूक यह होती है कि लोग लेआउट बदलने के बाद पुराने लॉन्चर पर लौटना भूल जाते हैं या सेटिंग का बैकअप नहीं लेते। कुछ गड़बड़ हो जाए तो फ़ोन की सेटिंग में ‘Default apps’ में जाकर पुराना लॉन्चर फिर से चुन लें। लॉन्चर में अपनी सेटिंग का बैकअप लेने का विकल्प होता है, उसे इस्तेमाल करें।
अच्छा आइकन पैक लगाएँ, वरना थीम अधूरी लगेगी। साथ में गहरा वॉलपेपर रखें तो आइकन और विजेट साफ़ दिखते हैं। बहुत सारे विजेट और एनिमेशन चालू करने पर बैटरी थोड़ी ज़्यादा ख़र्च हो सकती है।
सेट करते समय यह चेकलिस्ट पकड़ें
कोई भी ऐप इस्तेमाल करें, इस छोटी चेकलिस्ट का पालन करें। इससे फ़ोन सही दिखेगा और बाद में पछताना नहीं पड़ेगा।
- अपने फ़ोन की स्क्रीन के रेज़ोल्यूशन से मेल खाती तस्वीर चुनें, बहुत छोटी तस्वीर न लगाएँ।
- प्रीव्यू देखकर क्रॉप ठीक करें, ताकि ज़रूरी चीज़ बीच में रहे।
- OLED फ़ोन पर गहरा वॉलपेपर बैटरी बचाता है, पर हर वॉलपेपर गहरा होना ज़रूरी नहीं।
- लाइव वॉलपेपर बदलने का अंतराल तीन घंटे या उससे ज़्यादा रखें।
- अच्छे वॉलपेपर Favorites में या गैलरी में सेव करें, ताकि ऐप बदलने पर भी मिलें।
- दो-तीन से ज़्यादा वॉलपेपर ऐप न रखें, स्टोरेज और रैम बचती है।
- लॉन्चर में बड़े बदलाव से पहले सेटिंग का बैकअप लें।
- वॉलपेपर न लगे तो ऐप की अनुमतियों में स्टोरेज या फ़ोटो की अनुमति दें।
- iPhone पर इन Android ऐप की जगह सेटिंग से वॉलपेपर बदलें।
हर महीने फ़ोन का रूप बदलना अच्छा लगता है, पर ज़रूरत से ज़्यादा ऐप रखने से फ़ायदे की जगह परेशानी बढ़ती है। ऊपर बताए गए 7 ऐप में से एक या दो चुनें और बाकी समय फ़ोन इस्तेमाल करने में लगाएँ।





